मीडिया लाउंज
रूरल इलेक्ट्रीफिकेशन कारपोरेशन लिमिटेड ने लंदन स्टॉक एक्सचेंज (एलएसई) में अपना बिगुल बजाया
तारीख 30-06-2017
आरईसी यूएसडी ग्रीन बॉन्ड जारी करने वाला पहला भारतीय पीएसयू बना; अंतर्राष्ट्रीय बाजार से 450 मिलियन अमेरिकी डॉलर (यूएसडी) जुटाये

विद्युत अवसंरचना के क्षेत्र में भारत की प्रमुख वित्त प्रदाता कंपनी रूरल इलेक्ट्रीफिकेशन कारपोरेशन (आरईसी) लिमिटेड, ने 30 जून को प्रसिद्ध लंदन स्टॉक एक्सचेंज में प्रवेश करने का बिगुल बजा दिया। आरईसी का ग्रीन बॉन्ड, लंदन स्टॉक एक्सचेंज के अंतर्राष्ट्रीय प्रतिभूति बाजार खंड में सूचीबद्ध होने वाला पहला भारतीय बॉण्ड है, जिसके माध्यम से आरईसी ने विदेश में बाजार से 10 साल की अवधि के लिए 450 मिलियन डालर जुटाए हैं। बॉन्ड 3.965 प्रतिशत की प्राप्ति पर जारी किए गए हैं।
आरईसी ने, भारतीय विद्युत क्षेत्र में हरित ऊर्जा (ग्रीन एनर्जी) की विपुल संभावना की पृष्ठभूमि में और भारत सरकार द्वारा इस क्षेत्र के विकास पर जोर देने के समक्ष, अमेरिकी डालर में नामित ग्रीन बॉन्ड को शुरू करने के लिए पहले भारतीय पीएसयू के रूप में अपने पहले यूएसडी ग्रीन बॉन्डों को प्रमोचित किया। बांडों को आरईसी के मौजूदा 1 बिलियन मीडियम टर्म नोट (एमटीएन) कार्यक्रम के तहत पेश किया गया है और उन्हें लंदन स्टॉक एक्सचेंज एवं सिंगापुर स्टॉक एक्सचेंज में सूचीबद्ध किया गया है।
ग्रीन बॉन्ड को क्लाइमेट बॉन्ड पहल, लंदन द्वारा प्रमाणित किया गया है जबकि आरईसी द्वारा तैयार किए गए 'ग्रीन बॉन्ड फ़्रेमवर्क' को केपीएमजी द्वारा अभिप्रमाणित किया गया है। इससे हुई आमदनी को पुनर्वित्तपोषण सहित विद्यमान परियोजनाओं और सौर, पवन, बायोमास एवं लघु हाइड्रो (25 मेगावाट से कम) में पात्र नई ग्रीन परियोजनाओं का वित्तपोषण करने के लिए आबंटित किया जाएगा बशर्ते कि जलवायु बॉन्ड मानक के तहत क्षेत्र-विशेष तकनीकी मानदंडों की उपलब्धता हो।
एएनजेड, बार्कलेज बैंक, बीएनपी परिबास, मिजुहो सिक्युरिटीज, एमयूएफजी सिक्योरिटीज और एचएसबीसी इस संबंध में संयुक्त रूप से अग्रणी मुख्य देख-रेखकर्ता हैं।









